सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

खास खबर

हाईवे पर मौत का जाल, जिम्मेदार बेखबर

 कहीं ट्रकों की अवैध पार्किंग तो कहीं सड़क पर गहरे गड्ढे, राहगीरों की जान जोखिम में हाइवे पर ट्रकों की पार्किंग और गड्ढे बढ़ा रहे हादसे का खतरा ट्रकों की अवैध पार्किंग और गड्ढों से हाइवे पर हादसों का खतरा एक लेन पर भारी वाहनों का कब्जा, रानी की सराय से कोटिला तक सड़क बदहाल आजमगढ़। जिले के नेशनल और स्टेट हाईवे पर सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी कर भारी वाहनों की पार्किंग हादसों को न्योता दे रही है। हाईवे की पटरियों से लेकर एक लेन तक ट्रक और अन्य वाहन खड़े होने से राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है। रात के समय सड़क किनारे खड़े बड़े वाहनों के कारण बाइक, स्कूटी और चार पहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक खतरा रहता है। हादसा होने के बाद ही जिम्मेदार अधिकारियों की सक्रियता बढ़ती है, जबकि नियमित कार्रवाई के नाम पर कुछ वाहनों का चालान कर खानापूर्ति किए जाने का आरोप है। जिले से आजमगढ़-वाराणसी, आजमगढ़-अयोध्या, आजमगढ़-गोरखपुर, आजमगढ़-बलिया, आजमगढ़ वाया शाहगंज-लखनऊ और आजमगढ़-प्रयागराज मार्ग गुजरते हैं। आजमगढ़-वाराणसी, आजमगढ़-प्रयागराज और आजमगढ़-गोरखपुर मार्ग पर मोरंग, बालू, गिट्टी और बोल्डर लदे ...

Azamgarh : ‘स्कूल चलों अ‌भियान’ मंडलायुक्त और डीएम ने किया शुभारंभ


परीक्षा में अ‌धिक अंक पाने वाले बच्चों को किया गया पुरस्कृत

कोरोना से बच्चों का पठन-पाठन हुआ प्रभावितः मंडलायुक्त

डीएम ने अधिक से ‌अधिक नामांकन कराने के दिए निर्देश

आजमगढ़। जिले में सोमवार को स्कूल चलो अभियान का शुभारंभ कंपोजिट प्राथमिक विद्यालय उकरौड़ा शिक्षा क्षेत्र पल्हनी में मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत और डीएम अमृत त्रिपाठी ने मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया। इस क्रम में मंडलायुक्त और उीएम ने अधिक अंक पाने वाले छात्र प्रियांशु यादव, राजनंदनी, जिया, अभिषेक प्रजापति, अंजली भारती, चंदा चौहान आदि को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। वहीं बेसिक शिक्षा अधिकारी ने मंडलायुक्त एवं डीएम को बैच, मोमेंटों एवं कैप पहनाकर स्वागत किया। इस दौरान प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम का सजीव प्रसारण सभी को दिखाया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंडलायुक्त ने बताया कि करीब दो साल तक कोरोना महामारी के कारण बच्चों का पठन-पाठन काफी प्रभावित हुआ है।बावजूद इसके आजमगढ़ में करीब 29 हजार बच्चों का नामांकन परिषदीय विद्यालयों में बढ़ा है। उन्होंने कहा कि कोरोना के कारण करीब 2 सालों से बच्चों का पठन-पाठन काफी प्रभावित होना एक चैलेंज है कि किस तरह जिन बच्चों ने क्लास एक एवं दो को मिस किया है, उनको उस स्तर तक कैसे लाया जाय। उन्होंने कहा कि जो बच्चे पढ़ाई से पिछले एक या दो साल से नही जुड़ पाये हैं, उनको स्पेशल क्लासेस देकर उनको सामान्य स्तर पर लायेंगे। जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी ने कहा कि अध्यापक छात्रों को अपना बच्चा समझकर पढ़ायें, बच्चे देश का भविष्य हैं। उन्होने बताया कि हर तीसरे महीने में अभिभावकों के साथ बैठक करनी चाहिए, जिससे बच्चों के सुधार के बारे में जानकारी प्राप्त हो। उन्होने कहा कि जिस गांव से कम बच्चे स्कूल आते हैं, उन गांवों में जाकर अभिभावकों को प्रेरित करें एवं बच्चों का नामांकन करायें। जिलाधिकारी ने अध्यापकों से कहा कि 04 अप्रैल से लेकर 30 अप्रैल 2022 तक अधिक से अधिक बच्चों का नामांकन करायें, कोई बच्चा नही छूटने पाये। इसी के साथ मंडलायुक्त एवं जिलाधिकारी द्वारा स्कूल का भ्रमण किया गया एवं स्कूल में सभी व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया।



सर्वाधिक पढ़ीं गईं