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खास खबर

हाईवे पर मौत का जाल, जिम्मेदार बेखबर

 कहीं ट्रकों की अवैध पार्किंग तो कहीं सड़क पर गहरे गड्ढे, राहगीरों की जान जोखिम में हाइवे पर ट्रकों की पार्किंग और गड्ढे बढ़ा रहे हादसे का खतरा ट्रकों की अवैध पार्किंग और गड्ढों से हाइवे पर हादसों का खतरा एक लेन पर भारी वाहनों का कब्जा, रानी की सराय से कोटिला तक सड़क बदहाल आजमगढ़। जिले के नेशनल और स्टेट हाईवे पर सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी कर भारी वाहनों की पार्किंग हादसों को न्योता दे रही है। हाईवे की पटरियों से लेकर एक लेन तक ट्रक और अन्य वाहन खड़े होने से राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है। रात के समय सड़क किनारे खड़े बड़े वाहनों के कारण बाइक, स्कूटी और चार पहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक खतरा रहता है। हादसा होने के बाद ही जिम्मेदार अधिकारियों की सक्रियता बढ़ती है, जबकि नियमित कार्रवाई के नाम पर कुछ वाहनों का चालान कर खानापूर्ति किए जाने का आरोप है। जिले से आजमगढ़-वाराणसी, आजमगढ़-अयोध्या, आजमगढ़-गोरखपुर, आजमगढ़-बलिया, आजमगढ़ वाया शाहगंज-लखनऊ और आजमगढ़-प्रयागराज मार्ग गुजरते हैं। आजमगढ़-वाराणसी, आजमगढ़-प्रयागराज और आजमगढ़-गोरखपुर मार्ग पर मोरंग, बालू, गिट्टी और बोल्डर लदे ...

यूनिवर्सल में धूमधाम से मना मदर्स डे

माताओं ने बच्चों के साथ की खूब मौज-मस्ती
माता-पिता से बड़ा कोई नहीः अब्दुल्ला खान


आजमगढ़। रानी की सराय क्षेत्र के रोवां स्थित यूनिवर्सल पब्लिक स्कूल में शनिवार को धूमधाम से मदर्स-डे मनाया गया। कार्यक्रम में माताओं ने अपने बच्चों के साथ डा़ंस और खूब मौज मस्ती कर कार्यक्रम को यादगार बना दिया।

कार्यक्रम की शुरूआत विद्यालय प्रबंधक अब्दुल्ला खान ने दीप प्रज्वलित कर किया। प्रबंधक ने उपस्थित बच्चों एवं उनकी माताओं को संबोधित करते हुए मदर्स-डे पर प्रकाश डाला। उन्होने कहा कि इस दुनिया में माँ एकमात्र ऐसी इंसान है जो हमें कभी अकेला नहीं छोड़ती। माँ अपने बच्चों के लिये पूरी तरह से निष्ठावान होती है। बताया कि इस संसार में माता-पिता ही सबसे बड़ा भगवान है। जिसने हमें जन्म दिया है। स्कूल की प्रधानाचार्य उम्मे आमेंना ने मातृ दिवस के महत्व से बच्चों को अवगत कराया। कहा कि मातृ-दिवस हर बच्चे और विद्यार्थी के लिये वर्ष का अत्यधिक यादगार और खुशी का दिन होता है। मदर्स डे साल का खास दिन होता है जो भारत की सभी माताओं के लिये समर्पित होता है। 

इस दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों में माताओं ने भी नृत्य, गाना, चुटकुले आदि सुनाकर बच्चों का मनोरंजन किया। अंत में व्यवस्थापक अमरनाथ विश्वकर्मा ने सभी का आभार प्रकट किया। संचालन श्रीमति रेखा रावत ने किया।

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