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खास खबर

घूस लेते लेखपाल का वीडियो वायरल

कैंसर पीड़ित से 50 हजार वसूलने का आरोप आजमगढ़। मार्टीनगंज तहसील में तैनात एक लेखपाल का घूस लेते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मामले में पीड़ित ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है। बताया जा रहा है कि यह मामला क्षेत्र के दुबरा गांव का है। गांव निवासी कैंसर पीड़ित सदरुद्दीन ने आरोप लगाया है कि जमीन का पट्टा दिलाने के नाम पर लेखपाल ने उससे कई किस्तों में करीब 50 हजार रुपये वसूल लिए, लेकिन अब तक पट्टा नहीं किया गया। हाल ही में लेखपाल द्वारा घूस लेते हुए एक वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पीड़ित सदरुद्दीन ने बुधवार को जिलाधिकारी से मिलकर मामले की शिकायत की और न्याय की गुहार लगाई। उन्होंने आरोप लगाया कि बीमारी की हालत में भी उनसे पैसे लिए गए, लेकिन काम नहीं किया गया। गौरतलब है कि इससे पहले भी इसी तहसील में तैनात कानूनगो जयप्रकाश को एंटी करप्शन टीम ने पांच हजार रुपये घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया था, जिससे तहसील में भ्रष्टाचार के आरोपों को और बल मिल रहा है। इस संबंध में एसडीएम दिव्या सिकरवार ने बताया कि मामल...

सत्रह वर्षों बाद एसडीएम के प्रयास से विधवा को मिला न्याय

प्रशासन ने दबंगों से खाली कराई जमीन, दिलाया कब्जा


मेंहनगर। तहसील क्षेत्र के महादेव पारा गांव में विधवा महिला की जमीन पर वर्षों पहले दबंगों द्वारा कब्जा कर लिया गया था। जिसे लेकर महिला द्वारा बार-बार शिकायत की जाती थी लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही थी। बृहस्पतिवार की देर शाम एसडीएम संत रंजन श्रीवास्तव और थाना प्रभारी बंसत लाल मय फोर्स जेसीबी के साथ मौके पर पहुंचे और ध्वस्तीकरण की कार्यवाही करते हुए जमीन को खाली कराया और महिला को कब्जा दिलाया।

बताते चलें महादेव पारा गांव की विधवा महिला गीता देवी पत्नी स्व. राम बेलास ने इस आशय का शिकायती पत्र एसडीएम मेंहनगर कोदिया कि गांव के ही दंबग किस्म के लोग उसकी जमीन पर वर्षों पहले टीनसेड और कबाड़ रखते हुए कब्जा कर लिए हैं। जमीन को खाली करने के बाबत जब मैंने उनसे कहा तो उन्होंने जान से मारने की धमकी देते हुए भगा दिया। विधवा महिला गीता जाति से राजभर है और वर्षों पहले पति की मौत से परेशान हैं। जिसका फायदा दबंगों द्बारा उठाया जा रहा है। इसे गंभीरता से लेते हुए एसडीएम ने हल्का लेखपाल और राजस्व निरीक्षक को मामले की जांच के लिए स्थलीय निरीक्षण के लिए भेजा। दोनों कर्मचारियों ने अपने स्थलीय निरीक्षण में पीड़‌िता की शिकायत को सही पाया और निरीक्षण रिपोर्ट एसडीएम को सौंपा।जिसके क्रम में यह कार्यवाही की गई।

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