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खास खबर

सागर पैलेस में गणेश पूजन व दीप प्रज्वलन के साथ पहली शादी की शुरुआत

आधुनिक सुविधा से सुसज्जित मैरिज हॉल से क्षेत्र को मिली बड़ी सौगात, बढ़ेंगे रोजगार के अवसर ठेकमा। क्षेत्र के लिए गौरव का क्षण उस समय आया जब आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित ‘सागर पैलेस’ मैरिज हॉल में गणेश पूजन व दीप प्रज्वलन के साथ पहली शादी की शुरुआत की गई। मैरिज हॉल के संस्थापक राम प्यारे राय ने विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना कर कार्यक्रम का शुभारंभ कराया। क्षेत्र में पहले विवाह एवं अन्य सामाजिक कार्यक्रमों के लिए समुचित व्यवस्था न होने के कारण लोगों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ता था। ऐसे में सागर पैलेस के शुरू होने से अब क्षेत्रवासियों को एक सुसज्जित और व्यवस्थित स्थान मिल गया है, जहां विवाह, मांगलिक कार्यक्रम और सामाजिक आयोजन आसानी से आयोजित किए जा सकेंगे। सागर पैलेस के संचालन से क्षेत्र में रोजगार सृजन की दिशा में भी एक अहम पहल हुई है, जिससे स्थानीय लोगों को काम के अवसर मिलेंगे। ज्ञात हो कि 22 जुलाई 2024 को वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भूमि पूजन कर निर्माण कार्य की शुरुआत की गई थी। निरंतर प्रयासों के बाद निर्माण कार्य पूरा हुआ और 11 फरवरी 2026 को गृह प्रवेश के साथ इसे औपचारिक रूप ...

Gujarat: वडोदरा में चौंकाने वाला मामला, शादी के आठ साल बाद पता चला पहले महिला था पति

            दोनों की मुलाकात मैट्रिमोनियल वेबसाइट से हुई, फरवरी, 2014 में शादी हुई

गुजरात। वडोदरा में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक महिला को शादी के आठ साल बाद पता चला कि उसका पति पहले एक महिला था। उसने पुरुष बनने के लिए लिंग परिवर्तन कराया था। दोनों की शादी 2014 में हुई थी। मामला तब सामने आया, जब सयाजीगंज की महिला ने पति डॉ. विराज वर्धन के खिलाफ शहर के गोत्री थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत 2020 में कोलकाता में विराज की हुई सर्जरी की मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर दर्ज कराई गई। 

महिला ने आरोप लगाया कि सर्जरी के दस्तावेज से पता चला कि उसका पति शुरुआत से एक महिला था। बाद में उसने लिंग परिवर्तन कराया और इस मामले को शादी के आठ साल तक छिपाए रखा। तथ्यों की जांच के बाद पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की और विराज उर्फ विजेता को दिल्ली से वडोदरा लाई। शिकायत के मुताबिक, आरोपी विराज दिल्ली का रहने वाला है। उसने वडोदरा की महिला से शादी की थी लेकिन दोनों का रिश्ता कभी भी पति-पत्नी की तरह नहीं रहा। 

मैट्रिमोनियल वेबसाइट के जरिये हुई थी मुलाकात

महिला के वकील सिद्धार्थ पवार ने खुलासा किया, दोनों की मुलाकात मैट्रिमोनियल वेबसाइट से हुई। तब महिला विधवा थी। फरवरी, 2014 में शादी हुई। दोनों के परिजन शादी के लिए जब वडोदरा में मिले तब आरोपी के परिवार ने उसके महिला होने की जानकारी नहीं दी। सच्चाई छिपाने के आरोप में पुलिस ने विराज की मां व बहन के खिलाफ भी शिकायत दर्ज की है।

कभी दुर्घटना का बहाना तो कभी एलर्जी का

वडोदरा के डिप्टी पुलिस कमिश्नर अभय सोनी ने बताया, शादी के बाद दोनों दिल्ली आ गए। तब से उनमें शारीरिक रिश्ते नहीं बने। महिला ने जब पति पर दबाव डाला तो उसने दावा किया कि कुछ साल पहले रूस में उसके साथ दुर्घटना हुई थी, जिस वजह से वह यौन संबंध बनाने में असमर्थ हो गया। वह प्राइवेट पार्ट में एलर्जी के बहाने भी बनाता था।

पति का दावा...पत्नी सबकुछ पहले से जानती थी

विराज ने आरोपों का खंडन करते हुए कहा कि शादी से पहले वह (पत्नी) सबकुछ जानती थी। लिंग परिवर्तन के लिए सर्जरी कराने की बात से भी वह अवगत थी। सर्जरी के तीन चरणों की प्रक्रिया अभी बाकी है, यह बात भी उसे पता है। विराज ने कहा, मैंने उसकी बेटी को आधिकारिक रूप से अपनाया था। अब शादी के आठ साल बाद दावा कर रही है कि वह अपने पति के शरीर को भी नहीं जानती है।

दोनों अलग-अलग कमरे में रहते थे 

विराज ने दावा किया, हम दोनों पिछले कुछ वर्षों से अलग-अलग कमरे में रह रहे हैं। उसने मेरे कमरे में कैमरा लगाया था और तस्वीरें खीचती थीं।

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