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खास खबर

आईएनएस ऑटोमोबाइल्स ने लॉन्च किया नया IDEAL BULLDOZER E-RICKSHAW

मजबूती, आराम और बेहतर प्रदर्शन का बेहतरीन संगम आजमगढ़ । इलेक्ट्रिक वाहन क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान बना रही आईएनएस ऑटोमोबाइल्स प्राइवेट लिमिटेड ने ग्राहकों के लिए नया IDEAL BULLDOZER E-RICKSHAW बाजार में उतारा है। कंपनी का दावा है कि यह ई-रिक्शा मजबूती, आराम और बेहतर प्रदर्शन का बेहतरीन संगम है, जो चालक और यात्रियों दोनों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।  कंपनी के अनुसार, IDEAL BULLDOZER E-RICKSHAW में मजबूत बॉडी, आकर्षक डिजाइन और आरामदायक सीटिंग व्यवस्था दी गई है, जिससे यात्रियों को सुविधाजनक सफर का अनुभव मिलता है। वहीं, चालक के लिए यह वाहन कम रखरखाव लागत और बेहतर कमाई का अवसर प्रदान करता है। कंपनी के प्रतिनिधियों ने बताया कि बढ़ती ई-रिक्शा मांग को देखते हुए इस मॉडल को आधुनिक तकनीक और बेहतर गुणवत्ता मानकों के साथ विकसित किया गया है। इसका उद्देश्य स्थानीय परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों को एक भरोसेमंद और लाभदायक विकल्प उपलब्ध कराना है।आईएनएस ऑटोमोबाइल्स का मानना है कि यह नया मॉडल शहरी एवं ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में परिवहन सेवाओं को और अधिक सुगम बनाएगा। लॉन्च के साथ ह...

Azamgarh: मुख्तार के करीबियों से ईडी आज से करेगी पूछताछ

जीजा तन्नू अंसारी को भेजा पहला नोटिस

उसके ठिकाने पर 12 घंटे चली थी छापामारी

लखनऊ। माफिया मुख्तार अंसारी के करीबियों की मुश्किलें और बढ़ने वाली हैं। मुख्तार के जिन करीबियों के ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने छापामारी की थी। उनसे सोमवार यानी आज से ईडी के जोनल कार्यालय में जवाब तलब होंगे। सबसे पहले मुख्तार के जीजा तन्नू अंसारी को नोटिस जारी हुआ है।

 तन्नू के डालीबाग के घर पर ईडी की टीम ने करीब 12 घंटे तक छानबीन की थी। सोर्स के मुताबिक ईडी के हाथ ऐसे दस्तावेज लगे हैं, जिनकी मदद से लखनऊ के कुछ बिल्डर भी इस जांच के दायरे में आ सकते हैं। गाजीपुर के विक्रम अग्रहरि, गणेश मिश्रा, खान बस सर्विस के संचालक को भी पूछताछ के लिए बुलाया गया है। इसके अलावा मुख्तार और उनके परिवार के सदस्यों की कंपनियों के डायरेक्टर्स से भी पूछताछ होनी है। इनमें विकास कंस्ट्रक्शन, अंसारी कंस्ट्रक्शन एंड इंटरप्राइजेस, ग्लोरीज लैंड डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड आदि शामिल हैं। मुख्तार अंसारी के 11 ठिकानों पर 12 घंटे छापेमारी चली थी। ED ने मछली कारोबार, अवैध जमीन और रेलवे ठेकों से जुड़े दस्तावेज जब्त किए थे। पिछले हफ्ते ईडी ने मुख्तार के करीबियों के ठिकानों पर छापामारी की। 100 से ज्यादा संपत्तियों के दस्तावेज बरामद हुए। इनके बेनामी होने की आशंका में संपत्ति के मालिकों को नोटिस जारी हो रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, लखनऊ के इन बिल्डर्स को मुख्तार का संरक्षण मिला हुआ था। उनकी बेशकीमती संपत्तियों में मुख्तार की हिस्सेदारी रहती थी।गाजीपुर में 18 अगस्त को मुख्तार अंसारी के सहयोगियों और परिजनों के घर पर ईडी ने छापामारी की। सुरक्षा के लिए CRPF तैनात की गई। इसमें अफजाल अंसारी, गणेश दत्त मिश्रा, विक्रम अग्रहरी और मुश्ताक खान के यहां एक साथ टीम पहुंची थीं। प्रॉपर्टी डीलर गणेश दत्त मिश्रा ने बयान जारी किया। कहा,"मेरा संबंध मुख्तार अंसारी से नहीं, बल्कि अखिलेश यादव से है। उन्होंने एक बार नहीं कहा कि मेरे आदमी पर कार्रवाई क्यों हो रही है?" गणेश दत्त ने बताया,"इस कार्रवाई में ईडी ने एक प्रॉपर्टी का पेपर जो डाली बाग में मेरे द्वारा खरीदा गया था। उसे कुछ सालों के बाद बेच भी दिया गया है। उसे अपने साथ ले गई हैं। इसके अलावा उन्हें और कुछ नहीं मिला है। इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि ये कार्रवाई दिल्ली से एक सांसद करवा रहा है। जो 2024 का चुनाव गाजीपुर से लड़ने वाले हैं।" उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि मुझे और मेरे व्यवसाय को कमजोर करने के लिए इस तरह की कार्रवाई कराई जा रही है।

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