सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

खास खबर

हाईवे पर मौत का जाल, जिम्मेदार बेखबर

 कहीं ट्रकों की अवैध पार्किंग तो कहीं सड़क पर गहरे गड्ढे, राहगीरों की जान जोखिम में हाइवे पर ट्रकों की पार्किंग और गड्ढे बढ़ा रहे हादसे का खतरा ट्रकों की अवैध पार्किंग और गड्ढों से हाइवे पर हादसों का खतरा एक लेन पर भारी वाहनों का कब्जा, रानी की सराय से कोटिला तक सड़क बदहाल आजमगढ़। जिले के नेशनल और स्टेट हाईवे पर सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी कर भारी वाहनों की पार्किंग हादसों को न्योता दे रही है। हाईवे की पटरियों से लेकर एक लेन तक ट्रक और अन्य वाहन खड़े होने से राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है। रात के समय सड़क किनारे खड़े बड़े वाहनों के कारण बाइक, स्कूटी और चार पहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक खतरा रहता है। हादसा होने के बाद ही जिम्मेदार अधिकारियों की सक्रियता बढ़ती है, जबकि नियमित कार्रवाई के नाम पर कुछ वाहनों का चालान कर खानापूर्ति किए जाने का आरोप है। जिले से आजमगढ़-वाराणसी, आजमगढ़-अयोध्या, आजमगढ़-गोरखपुर, आजमगढ़-बलिया, आजमगढ़ वाया शाहगंज-लखनऊ और आजमगढ़-प्रयागराज मार्ग गुजरते हैं। आजमगढ़-वाराणसी, आजमगढ़-प्रयागराज और आजमगढ़-गोरखपुर मार्ग पर मोरंग, बालू, गिट्टी और बोल्डर लदे ...

Azamgarh: संदिग्ध परिस्थितियों में युवक की मौत

शराब पीकर सोने के बाद नहीं उठा युवक

आजमगढ़। अहरौला थाना  के निजामपुर में बुधवार को संदिग्ध परिस्थितियों में एक 28 वर्षीय युवक की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद पंचनामा बनाकर शव परिजनों को अंतिम संस्कार के लिए सौंप दिया।

 निजामपुर निवासी मृतक अर्जुन अग्रहरी (28) पुत्र लालजीत पांच भाइयों में सबसे बड़ा था। मुंबई में फेरी लगा कर फल आदि बेचता था। मृतक की मां सुनीता देवी ने बताया कि वह मंगलवार की दोपहर मुंबई से लौटा था। नहाने के बाद घर के पास स्थित देशी शराब के ठेके पर गया। वहां शराब पीने के बाद तीन चार शीशी शराब लेकर घर आया। रात में खाना खाने के बाद उसे उल्टी और दस्त शुरू हो गई तो उसे दवा आदि दिलाई गई। जिसके बाद वह सो गया, सुबह जब उठे तो वह मृत मिला। परिवार के लोग अंतिम संस्कार के लिए अर्जुन के शव को लेकर मंजुसा नदी स्थित निजामपुर के घाट ले जा रहे थे। किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। मौके पर पहुंचे अहरौला थाने के प्रभारी सब इंस्पेक्टर यशवंत सिंह को देख अंतिम संस्कार के लिए शव को ले जा रहे लोग उसे छोड़ कर भाग गए। पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद पंचनामा बनवाकर शव परिजनों को अंतिम संस्कार के ‌लिए सौंप दिया। मृतक अर्जुन पांच भाइयों में सबसे बड़ा था। इससे पहले उसकी दो शादियां हुई थी और दोनो औरते उसे छोड़ कर चली गई। उसके बाद से ही वह काफी अवसाद में रहता था। थाने के प्रभारी एसआई एसआई यशवंत सिंह का कहना है कि पंचनामा बनवा परिजनों को शव दे दिया गया है। इस संबंध में किसी की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है।


सर्वाधिक पढ़ीं गईं