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खास खबर

24 घंटे की तलाश के बाद 10 वर्षीय वैभव का शव पड़ोसी के बेसमेंट से बरामद, हत्या का आरोप

सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पड़ोसी हिरासत में पूछताछ में हत्या की बात कबूल, कस्बे में शोक और आक्रोश गोरखपुर। खजनी कस्बे में सर्राफा कारोबारी के 10 वर्षीय पौत्र वैभव वर्मा की अपहरण के बाद हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। करीब 24 घंटे तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद पुलिस ने पड़ोसी सर्वेश भट्ट को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी के बयान के आधार पर उसके घर के बेसमेंट से वैभव का शव बरामद किया गया। जानकारी के अनुसार, सोमवार दोपहर स्कूल से घर लौटने के बाद वैभव साइकिल लेकर खेलने निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। कुछ देर बाद उसकी साइकिल और एक चप्पल खेत के पास मिली, जिसके बाद परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी डॉ. कौस्तुभ के निर्देशन में पांच टीमें गठित की गईं। डॉग स्क्वॉयड, फॉरेंसिक टीम और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से जांच आगे बढ़ाई गई। सीसीटीवी फुटेज में वैभव के पीछे पड़ोसी सर्वेश भट्ट जाता दिखाई दिया। इसी आधार पर पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने हत्या की बात स्वीकार की और उसकी निशानदेही पर ...

Azamgarh: पूर्व विधायक सीपू हत्याकांड में कुंटू सिंह सहित नौ को आजीवन कारावास


वर्ष 2013 नौ जुलाई को जीयनपुर में बदमाशों ने घटना को दिया था अंजाम

आजमगढ़। वर्ष 2013 में नौ ‌जुलाई को जीयनपुर कस्बा में पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू की बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में मंगलवार को अदालत ने ध्रुव सिंह सहित नौ दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।

बताते चलें कि पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू हत्याकांड में मंगलवार को अदालत ने अपना फैसला सुनाया। पिछले मंगलवार को न्यायाधीश रामानंद ने कुख्यात ध्रुव सिंह कुंटू सिंह समेत 9 अभियुक्तों पर दोष सिद्ध कर दिया था। 12 तारीख को फैसला सुनाया जाना था लेकिन फिर इसकी तारीख आगे बढ़ा दी गई थी। इस मामले में पूर्व विधायक के भाई ने जीयनपुर कोतवाली में कुख्यात ध्रुव कुमार सिंह उर्फ कुंटू सिंह समेत अन्य के खिलाफ तहरीर दी थी। प्राथमिक विवेचना के बाद जीयनपुर कोतवाली पुलिस ने कुंटू समेत कुल 11 के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। वहीं सीबीआई की जांच में दो अन्य आरोपियों दुर्ग विजय व शिव प्रकाश का नाम भी कोर्ट में दाखिल आरोप पत्र में जोड़ दिया गया। जिसमें एक आरोपित नाबालिग होने के चलते उसकी फाइल जुवेनाइल कोर्ट भेज दी गई। दो अभियुक्त अरविंद कश्यप व अभिषेक अभी फरार हैं, इनकी फाइल भी अलग कर दी गई है। एक आरोपित गिरधारी उर्फ कन्हैया मुकदमा के दौरान मुठभेड़ में मारा जा चुका है। शेष बचे नौ आरोपियों में शामिल कुख्यात ध्रुव सिंह उर्फ कुंटू, मृत्युंजय सिंह, दिनेश सिंह उर्फ रंपत, शिव प्रकाश उर्फ प्रकाश, राजेंद्र यादव, संग्राम सिंह, दुर्गविजय, मोहम्मद रिजवान तथा विजय यादव को मंगलवार को कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई।



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